MS-Word को विस्तार से जानिए?

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Know Microsoft Word in Detail in Hindi?

 
Microsoft Word
Microsoft Word

यह माइक्रोसॉफ्ट कंपनी की  उत्कृष्ट देन है यह अत्यधिक उपयोगी उत्पाद है । एम. एस. वर्ड में कई विशेषताएं होती हैं। जिसके कारण इसका व्यापक प्रयोग होता है । इसका उपयोग सरलता से किया जाता है। कुछ विकल्पों द्वारा इसका दस्तावेज बनाना सरल होता है. जैसे- स्पेल चेक (Spell Check) ग्रामरचेक (Grammar Chek) आदि।  एम एस वर्ड में आप चित्रों के द्वारा प्रस्तुतिकरण (Presentation) भी कर सकते हैं।  इसमें २- d अथवा ३-d  चित्र भी तैयार कर सकते है हैं.MS Word क्या है पूरी जानकारी हिंदी में MS Word, जिसका पूरा नाम ‘Microsoft Word‘ है तथा इसे ‘Word‘ के नाम से भी जानते है, एक Word Processor है. जो document को Open, Create, Edit, Formatting, Share एवं Print आदि करने का कार्य करता है

हिस्ट्री ऑफ़ एम एस वर्ड

पहला विंडोज संस्करण 1989 में थोड़ा बेहतर इंटरफेस के साथ जारी किया गया था। विंडोज 1.0 के लिए वर्ड का पालन 1991 में वर्ड 2.0 और 1993 में वर्ड 6.0 के बाद किया गया था। फिर इसका नाम बदलकर वर्ड 95 और वर्ड 97, वर्ड 2000 और ऑफिस एक्सपी के लिए वर्ड (विंडोज के वाणिज्यिक नामों का पालन करना) कर दिया गया।

एम एस वर्ड किसने बनाया? 

सबसे पहला version Microsoft Word का Charles Simonyi और Richard Brodie ने बनाया (develop) था, जो की पहले Xerox के programmers थे. उन्हें Bill Gates और Paul Allen ने सन 1981 में hire किया था. पहला Word version, Word 1.0, को October 1983 में release किया गया Xenix और एम एस वर्ड के लिए.

एम एस वर्ड का परिचय

एम एस वर्ड माइक्रोसॉफ्ट कार्पोरेशन द्वारा तैयार किया गया एक एप्लीकेशन सॉफ्टवेयर है। इसके द्वारा ऑफिशल कार्यो को आसानी से कर सकते है। शुरू – शुरू में यह प्रोग्राम एम एस डांस के वातावरण में वर्ड स्टार के नाम से चलता था। जिसमे सिमित सुविधाएं प्रदान की गई थी। एम एस पेंट में लेटर टाइपिंग या अन्य प्रकार के साथ -साथ थोड़ा बहुत पिक्चर भी डिज़ाइन कर सकते है।एम एस वर्ड द्वारा बनाई गई फाइल का एक्सटेंशन नाम .exe होता है।यह एक बड़ा वर्ड प्रोसेसिंग प्रोग्राम है। जिसमे टेक्स्ट की फॉर्मेटिंग सरल तरीके से कर सकते है।

इसके कई वर्शन है जो इस प्रकार है:-

  1. MS Word   97
  2. MS Word   xp
  3. MS Word   2000
  4. MS Word   2002
  5. MS Word   2003
  6. MS Word   2005
  7. MS Word   2007
  8. MS Word   2010
  9. MS Word   2016

 

एम एस वर्ड का निर्माण

माइक्रोसॉफ्ट वर्ड  को ओपन करने के लिए निम्नलिखित कार्य करे। टास्क बार पर उपस्थित स्टार्ट मेनू पर क्लिक करना होगा। उसके बाद आल प्रोग्राम्स ऑप्शन पे क्लिक करे। उसके बाद ऍम एस ऑफिस ऑप्शन पर क्लिक करे उसके बाद उसमे से ऍम एस वर्ड पे क्लिक करे अब ऍम एस वर्ड का विंडो ओपन हो जायेगा।

माइक्रोसॉफ्ट वर्ड क्या है ?

माइक्रोसॉफ्ट वर्ड एक सॉफ्टवेयर है जो वर्ड प्रोसेसिंग कार्य के लिए उपलब्ध हैं विंडो ऑपरेटिंग सिस्टम (Window Operating System) में । यह एक बहुत ही प्रचलित एप्लीकेशन सॉफ्टवेयर है जो न केवल वर्ड-प्रोसेसिंग करता है बल्कि डी. टी. पी. कार्य भी करता है ।जब आप वर्ड में काम कर रहे होते हैं तो समय-समय पर आपको अपना दस्तावेज सेव करना पड़ता है । इसके लिए आपको ऑटो सेव विकल्प का चयन करना होता है ।
माइक्रोसॉफ्ट वर्ड चलाने के लिए निम्नलिखित कदम तरीका:-
  1. टास्कबार पर स्टार्ट बटन पर क्लिक करो । स्टार्ट बटन आपके सामने प्रकट होगा ।
  2. प्वाइंटर को प्रोग्राम मैन्यू पर ले जाओ ।
  3. माइक्रोसॉफ्ट वर्ड विकल्प पर बायाँ बटन क्लिक करो ।

 

माइक्रोसॉफ्ट वर्ड के महत्वपूर्ण भाग 

Menu Bar:- यह माइक्रोसॉफ्ट वर्ड प्रोग्राम में उपलब्ध सभी विशेषताओं का एक समूह है । मुख्य मैन्यू फिर से अन्य सब-मैन्यू को दिखता है ।

Title Bar:- टाइटल बार डॉक्यूमेंट के ऊपर होता है जिसमें वर्तमान समय में सक्रिय डॉक्यूमेंट और साथ ही साथ माइक्रोसॉफ्ट वर्ड लिखा होता है । इसका प्रयोग वर्ड विंडोज के आकार और स्थान को बदलने में किया जाता है ।

Formattig Tool Bar:- इस बार का प्रयोग टेक्स्ट व्यवस्थित को रूप प्रदान करने के लिए किया जाता है । यहाँ आप कोई भी फॉन्ट, आकर, बोल्ड, इटेलिक आदि कर सकते हैं और पैराग्राफ की सैटिंग ठीक कर सकते है ।

Insertion Point:- यह डॉक्यूमेंट स्क्रीन पर एक चमकती हुई लम्बवत् रेखा होती है जो की यह संकेत करती है कि जब आप टाइप करेंगे तो टेक्स्ट कहाँ प्रकट होगा ।

Ruler Bar:- रूलर बार की मदद से आप अपने दस्तावेज को सही लेआउट (Layout) प्रदान कर सकते हैं ।

माइक्रोसॉफ्ट वर्ड ओपन

टास्क बार पर उपस्थित स्टार्ट मेनू पर क्लिक करना होगा।  उसके बाद  आल प्रोग्राम्स ऑप्शन पे क्लिक करे।  उसके बाद ऍम एस ऑफिस ऑप्शन पर क्लिक करे उसके बाद उसमे से माइक्रोसॉफ्ट वर्ड  पे क्लिक करे अब ऍम एस वर्ड का विंडो ओपन हो जायेगा।माइक्रोसॉफ्ट वर्ड को ओपन  करने की दूसरी बिधि से आप आसानी से ओपन कर सकते है। इसके लिए आप निम्न कार्य करे।  आपको टास्क बार पर उपस्थित स्टार्ट मेनू पर क्लिक करना होगा। उसके बाद सर्च बॉक्स दिखाई देगा उसमे माइक्रोसॉफ्ट वर्ड  टाइप करे और Enter key बटन दबाये। आपका माइक्रोसॉफ्ट वर्ड  विंडो ओपन हो जायेगा।जो निचे दिखाया गया है।
Step:
 
Click Start button > All Program >MS Office > select MS Word
Title Bar:- माइक्रोसॉफ्ट वर्ड विंडो के सबसे ऊपर पतली पट्टी होती है जिसके राइट साइड (Right Side) में Minimize,Maximize/Restore, और Close बटन होता है और बाई ओर (Left Side) में क्विक एक्सेस टूलबार होता है।  टाइटल बार वर्तमान समय में खुली डॉक्यूमेंट का नाम प्रदर्शित (Display) करता है।  यदि आपकी डाक्यूमेंट्स बिना नाम की है तो टाइटल बार में Document1 लिखा हुआ पहले से होता है।

Quick Access Toolbar:- यह बटन टाइटल बार का ही एक हिस्सा है जो टाइटल बार के लेफ्ट साइड में होता है होता है।  इस बटन में अनडू, रीडू तथा सेव कमांड बटन पहले से होते है आप चाहे तो अपने अनुसार उसे कस्टमाइज़ (Customize) कर  सकते है।क्लोज, मैक्सिमाइज/ रिस्टोर, मिनिमाइज बटन (Close, Maximize/ Restore,Minimize Button)टाइटल बार के राइट साइड में तीनो बटन पाए जाते है।

क्लोज बटन का प्रयोग माइक्रोसॉफ्ट वर्ड  विण्डो को बंद करने के लिए किया जाता है।  और maximize बटन का प्रयोग वर्ड विंडो को पूरा स्क्रीन जितना बड़ा करने के लिए किया जाता है।रिस्टोर बटन का प्रयोग maximize मोड  जब विण्डो रहता है तो रिस्टोर करने पर विंडो जैसा पहले था वैसा ही हो जाता है।  और मिनिमाइज़ (Minimize) बटन का प्रयोग करने पर word विण्डो मिनीमाइज हो जाता है अर्थात टास्क बार (Task bar) में चला आता है।

Tab Button:- टैब बटन टाइटल बार के ठीक निचे होता है माइक्रोसॉफ्ट वर्ड  में  home, insert ,page layout , reference, mailings, review ,view टैब होते है इसके अलावा contextual टैब भी पाए जाते है contextual tab तब प्रदर्शित होता है जब आप किसी ऑब्जेक्ट को डाक्यूमेंट्स में इन्सर्ट करते है contextual tab का उदाहरण Format, Design टैब है।
Ribbon:- रिबन,  टैब बटन का ही भाग होता है इस रिबन में कमांड बटन होता है।  इस कमांड बटन से ही माइक्रोसॉफ्ट वर्ड में कार्य किया जाता है।  उदाहरण  के लिए cut ,Copy ,Paste, Bold, Italic, Underline etc ये सब कमांड कहलाता।
 Ruller:- रिबन के निचे रूलर पाया जाता है जिससे पेज की सेटिंग की जाती है जैसे पेज की मार्जिन, टैब, पैराग्राफ  आदि  को सेट कर सकते है।माइक्रोसॉफ्ट वर्ड  में दो रूलर पाए जाते है एक होरिजेंटल दूसरा वर्टीकल।
Scroll Bar:- माइक्रोसॉफ्ट वर्ड  के विण्डो में दो स्क्रॉल बार पाए जाते है एक होरिजेंटल दूसरा वर्टीकल होरिजेंटल स्क्रॉल बार से पेज को दाये-बाएं (Left -Right) खिसकाने के लिए किया जाता है।  और वर्टीकल स्क्रॉल बार का प्रयोग पेज को ऊपर निचे (up-down) करने के  लिए किया जाता है।
Status Bar:- माइक्रोसॉफ्ट वर्ड  विण्डो के निचले हिस्से पर  एक पट्टी होती है जिस पर पेज नंबर, सेक्शन नंबर , लाइन संख्या , रिकॉर्डिंग आदि दिखाता है।  और स्टेटस बार में ही व्यू बटन होता है जिससे आप डाक्यूमेंट्स पेज को अलग-अलग व्यू(Print Layout, Full screen Reading , web layout, outline ,draft ) में देख सकते है और इसके राइट साइड में ज़ूम स्लाइडर होता है जिससे पेज को ज़ूम इन और ज़ूम आउट कर के देख सकते है।
Help Button:- माइक्रोसॉफ्ट वर्ड  विंडो में क्लोज बटन के ठीक निचे एक क्वेश्चन का चिन्ह “? “(Question) पाया जाता है उसे हेल्प बटन के नाम से जानते है । जिसपर क्लिक करने से एक हेल्प का विंडो ओपन होगा। हेल्प विंडो से आप माइक्रोसॉफ्ट वर्ड  से संबंधित आप कुछ जानकारी ऑफ लाइन और ऑनलाइन ले सकते है।

स्टैण्डर्ड टूलबार

New: ये अभी के या डिफ़ॉल्ट में सेट टेमपलेट के आधार पर एक नया टेमपलेट बना देता है।

Open: ये ऐसे डॉक्यूमेंट को खोलता है जो वर्ड में पहले से ही बना कर रखे हुए हैं या सेव हैं।

Save: ये अभी जो डॉक्यूमेंट आप एडिट कर रहे हैं उन्हें नए नाम, लोकेशन और जानकारियों के साथ सेव कर देता है।

E-mail: एक आपके डॉक्यूमेंट को किसी ईमेल का बॉडी बनाकर किसी को भेजने में सक्षम है।

Search: ये आपके द्वारा डाले गए टेक्स्ट के आधार पर कोई भी फाइल, वेब-पेज या अन्य चीजों को ढूंढता है।

Print: ये डॉक्यूमेंट या सेलेक्ट कि गयी चीजों को प्रिंट करता है।

Print Preview: ये आपको पहले ही दिखा देता है कि आपके डॉक्यूमेंट को जब प्रिंट किया जाए तो वो कैसा दिखेगा।

Spelling: ये अभी खुले हुए डॉक्यूमेंट, फाइल या अन्य चीजों में से स्पेलिंग में हुई गलतिया बताता है।

Cut: ये डॉक्यूमेंट में से सेलेक्ट कि गयी चीजों जैसे कि टेक्स्ट, चित्र इत्यादि को वहां से हटाकर एक क्लिपबोर्ड में डाल देता है।

Copy: ये डॉक्यूमेंट में से सेलेक्ट कि गयी चीजों जैसे कि टेक्स्ट, चित्र इत्यादि को वहां से बिना हटाए एक क्लिपबोर्ड में डाल देता है।

Paste: ये आपके माउस का तीर जहां होगा वहीं से क्लिपबोर्ड में रखी गयी चीजों को डाल देता है।

Format Painter:एक किसी भी टेक्स्ट या ऑब्जेक्ट को फॉर्मेट को कॉपी कर लेता है और फिर आप जहां क्लीक करेंगे वहां का फॉर्मेट भी वैसा ही कर देता है।

Undo: ये आपके द्वारा किये गए अंतिम कार्य को बदल कर पुनः पहले जैसा ही कर देता है।

Redo: ये पिछले कमान द्वारा किये गए कार्य को बदल देता है।

Insert Hyperlink: ये एक नया हाइपरलिंक डाल देता है या पहले से उपस्थित हाइपरलिंक को एडिट करता है।

Tables and Borders: टेबल और बॉर्डर कि चीजों को फॉर्मेट या एडिट करने का ऑप्शन देता है।

Insert Table: डॉक्यूमेंट में एक टेबल डाल देता है जिसमे आप स्तम्भ और पंक्तियों कि संख्या माउस घुमाकर तय कर सकते हैं।

Print: Print Command के द्वारा आप तैयार Office Document को Print कर सकते है. इसके अलावा आप Print करने से पहले Office Document को Print Preview के जरीए देख सकते है. अगर आपको कोई कमी लगे तो उसे आप Print करने से पह्ले ही ठीक कर सकते है. आप Office Document को Keyboard Shortcut Ctrl+P से भी Print कर सकते है.

Prepare: Prepare Command के द्वारा आप Office Document ( MS Word में ) Spreadsheet ( MS Excel में ) Presentation ( MS PowerPoint में ) की Properties (Title, Author Name, Subject आदि) देख तथा Edit कर सकते है. इनमें Password Set कर सुरक्षित कर सकते है. यदि आपके पास Digital Signature है, तो उसे आप यहाँ से Document/Spreadsheet/Presentation में Add कर सकते है. इसके अलावा Office के पूराने Versions के साथ Document/Spreadsheet/Presentation की Compatibility Check कर सकते है.

Send: आप Office Document ( MS Word में ) Spreadsheet ( MS Excel में ) Presentation ( MS PowerPoint में ) को इस Command के द्वारा E-mail Message, E-mail Attachment, तथा Fax के रूप में भेज सकते है.

Publish: इस Command का उपयोग Office Document ( MS Word में ) Spreadsheet ( MS Excel में ) Presentation ( MS PowerPoint में ) को Office Programs से ही Direct Publish करने के लिए किया जाता है.

Close: Close Command के द्वारा आप Document ( MS Word में ) Spreadsheet ( MS Excel में ) Presentation ( MS PowerPoint में ) को बंद कर सकते है. जब आप इस Command पर क्लिक करते है तो Office Programs बंद नही होते है, बल्कि उनमे Open Current Document बंद हो जाता है.इनके अलावा Office Button Menu में दो और Commands होती है.

जिन्हें आप Office Button में सबसे नीचें दांए तरफ देख सकते है. इनमें पहली Command Options की होती है. जो Word में Word Options, Excel में Excel Options, PowerPoint में PowerPoint Options के नाम से दिया होता है. इसमें प्रत्येक प्रोग्राम्स से संबंधित कई विकल्प दिए होते है.और दूसरी Command Exit होती है. इस Command के द्वारा आप Current Open Office Programs से बाहर आ जाते है. और वह प्रोग्राम बंद हो जाता है. यह Command Options Command के बिल्कुल बगल में होती है.

 

एम एस-वर्ड की  विशेषताएँ 

  1. आप मार्जिन को बदल कर उसका रूप बदल सकते हैं ।
  2. आप फॉन्ट के आकार और प्रकार को बदल सकते हैं ।
  3. आप डॉक्यूमेंट में पेज नम्बर, हैडर और फुटर जोड़ सकते हैं ।
  4. स्पेलिंग की जाँच और उनका निदान अपने आप हो जाता है ।
  5. टेबल बनाकर उसे टेक्स्ट में जोड़ सकते हैं ।
  6. यह आपको हेल्प विकल्प भी प्रदान करता है ।
  7. यह आपको मेल मर्ज सुविधा भी प्रदान करता है ।
  8. एम एस-वर्ड की सहायता से आप डॉक्यूमेंट बना सकते हैं, और अधिक टेक्स्ट जोड़ सकते हैं तथा टेक्स्ट में बदलाव भी कर सकते हैं ।

एमएस वर्ड के फॉर्मेटिंग फीचर्स

माइक्रोसॉफ्ट वर्ड में डाक्यूमेंट्स और दस्तावेज तैयार करने के लिए बहुत सारे टूल्स दिए जाते हैं. इन टूल्स के जरिये हम अपने डॉक्यूमेंट में कुछ भी सुधार कर सकते हैं.और अपनी मर्ज़ी के अनुसार अपने डॉक्यूमेंट को तैयार कर सकते हैं. तो चलिए जानते हैं की माइक्रोसॉफ्ट वर्ड मे डॉक्यूमेंट में काम करने के लिए क्या क्या फीचर्स देता है और साथ ही हम इसका लेआउट जानेंगे.

Auto Text: वैसे शब्द जिनका उपयोग हम ज्यादा करते हैं उसे ऑटो टेक्स्ट ऑप्शन के डायलाग बॉक्स में जोड़ देते हैं.उसके बाद जब भी उस शब्द को लिखना शुरू करते हैं तो ऑटो टेक्स्ट जस्ट उस के ऊपर शो होने लगता है. अगर उसे जोड़ने की जरुरत है तो एंटर कर देते हैं.

Auto Correct: इस के साथ ही जब हम कोई गलत शब्द टाइप कर देते है और space press करते हैं तो Auto correct tool उस शब्द को खुद सही शब्द के साथ replace कर देता है.

Header:- Header पेज के सबसे ऊपरी पार्ट को Header बोलते हैं. इसे हम Header पेज के टॉप मार्जिन में जोड़ा जाता है.  इस का उपयोग हम Auto text, date time, page number डालने के लिए करते हैं.

Footer:- Footer  पेज के सबसे निचले वाले हिस्से को Footer बोलते हैं. ये पेज के नीचे यानि bottom margin में जोड़ा जाता है.  इसका उसे page number, footnote डालने के लिए किया जाता है.

Page Formatting: माइक्रोसॉफ्ट वर्ड में डॉक्यूमेंट तैयार करने के बाद उसे प्रिंट करने के पहले उसका पेज सेटअप करना बहुत जरुरी है. पेज सेटअप कर के हम चारो तरफ अपने सुविधा के अनुसार मार्जिन छोड़ देते हैं.
इस के साथ ही कंटेंट को बीच में बायीं तरफ या फिर दायीं तरफ एडजस्ट कर सकते हैं.

Bullets and Numbering: बुलेट और नंबरिंग का उपयोग हम अपने फाइल में लिस्ट बनाने के लिए करते हैं. इस का उपयोग कर के हम अपने डॉक्यूमेंट को नंबरिंग और बुलेट्स से आकर्षक बना सकते हैं.

Editing of Text: यहाँ लिखे गए टेक्स्ट में कोई भी बदलाव करना हो तो ये बहुत ही आसान है. माउस के कर्सर को उस वर्ड में ले जाकर Backspace से आसानी से डिलीट कर सकते हैं. और फिर उसकी जगह फिर हम कोई भी बदलाव कर सकते हैं.

Spelling and Grammer check: वर्ड की ये बहुत बड़ी खासियत होता है की उस में एक spelling और Grammer चेक करने वाला टूल होता है. जब भी हम कोई वर्ड टाइप करते हैं तो वो हर वर्ड के स्पेलिंग को चेक करता है.और फिर उसके लिए सही शब्द भी बताता है  ऊपर में शो दिखा देता है. जिसे हम क्लिक कर के सही शब्द को चुन क्र इस्तेमाल कर सकते हैं.

Use Of Thesaurus: इसके अंदर में शब्दों का जो बहुत बड़ा भंडार होता है जो किसी भी शब्द के अर्थ के साथ साथ उसके synonyms और antonym शब्द भी प्रयोग कर सकते हैं.

Page Numbering: इस ऑप्शन की मदद से डॉक्यूमेंट में पेज नंबर को जोड़ सकते हैं.

Column: Format Menu के इस ऑप्शन का इस्तेमाल कर के पेज में कॉलम जोड़ सकते हैं. पेज सिर्फ एक कॉलम का होता है. इस ऑप्शन के प्रयोग से एक से ज्यादा कॉलम बना सकते हैं.

Mail Merge: MS Word की एक बहुत ही इम्पोर्टेन्ट ऑप्शन है Mail Merge इसका उपयोग कर के हम एक letter को बहुत सारे लोगो को भेज सकते हैं.जब भी लेटर ग्रुप में तैयार कर के भेजना होता है तो Mail Merge का उपयोग करते हैं. जैसे Invitation letter, admit card, office letter etc.  Mail Merge का प्रयोग कर के हम डेटाबेस से जोड़ सकते हैं.

Find & Replace: कभी कभी ऐसा होता है की हमने किसी खास शब्द को पुरे डॉक्यूमेंट में लिखा हुआ होता है. और उसे बदलने की जरुरत भी पड़  जाती है.तो ऐसे में पता नहीं चलता की वो शब्द कहाँ कहाँ है और एक एक कर के शब्द को सर्च करना और उसे बदलना मुश्किल काम है. लेकिन Find & Replace की हेल्प से हम उस शब्द को ढूंढ सकते हैं और बदल कर उसकी जगह दूसरे शब्द को डाल सकते हैं.

Styles and Formatting: इस ऑप्शन से formatting के लिए style create कर सकते हैं. और इस के लिए shortcut key को define कर सकते हैं.इसमें paragraph word level की सेटिंग की जाती है. इस के और भी सेटिंग जैसे फॉण्ट तब font, tab, paragraph, border की setting कर सकते हैं.

Macro: Macroऑप्शन की हेल्प से हम किसी भी काम को रिकॉर्ड कर सकते हैं. जरुरत पड़ने पर पर हम उस Macro को run कर सकते हैं.  Macro एक बहुत ही उपयोगी टूल है.इस की हेल्प से हम जो भी काम MS Word के अंदर करते हैं उसे रिकॉर्ड कर सकते हैं. ये काम कुछ सेकण्ड्स में हो जाता है.

Create Table: अपने डॉक्यूमेंट के लिए हम table menu के प्रयोग से टेबल से जुड़े बहुत सारे ऑप्शन भी इस में दिए जाते हैं. जिससे आसानी से बहुत से काम किये जा सकते हैं.

 

एमएस वर्ड के द्वारा नया डॉक्यूमेंट 

सबसे पहले माइक्रोसॉफ्ट ऑफिस का बटन दबाएँ जिसके बाद आपके स्क्रीन पर एमएस वर्ड का मेनू खुल जाएगा।यहाँ आपको New पर क्लीक करना है। ऐसा करते ही आपके सामने स्क्रीन पर एक नया डॉक्यूमेंट वाला डायलाग बॉक्स खुल जाएगा।अब Blank and Recent सेक्सन में जाएँ और Blank Document पर क्लीक करें।इस आप्शन को खोजने में आपको दिक्कत नही होगी क्योंकि ये पहले से ही हाईलाइट किया हुआ रहता है और आपको सीधा दिख जाता है।
अब आपके Create पर क्लीक करते ही आपके सामने स्क्रीन पर एक खाली डॉक्यूमेंट खुल जाएगा जिसमे आप कोई भी टेक्स्ट लिख सकते हैं या चित्र डाल सकते हैं तो अभी आपने जाना कि कैसे एमएस वर्ड में एक नये डॉक्यूमेंट का निर्माण करते हैं। आप Ctrl+P दबाकर उस डॉक्यूमेंट को प्रिंट कर के उसकी हार्ड कॉपी भी निकाल सकते हैं।

 

फोर्मटिंग टूलबार

फोर्मटिंग टूलबार में वो बटन होते हैं जिनके कमांड आपको पेज, पैराग्राफ या चित्र की बनावट को बदलने की सुविधा देते हैं। इसके द्वारा आप फॉन्ट का आकार, रंग-रूप, पेज के आकार और रंग-रूप इत्यादि को मनपसन्द बनावट दे सकते हैं।

 
Style and Formatting: ऑप्शन का प्रयोग करने पर इसका एक टास्कपेन डिस्प्ले डिस्प्ले होता है। जिसमे लिखे जा रहे टेक्स्ट के लिए विभन्न प्रकार के स्टाइल स्थित होते है। यहाँ से हम किसी भी स्टाइल को सेलेट करके टेक्स्ट पर अप्लाई कर सकते है।
 
Font:– ऑप्शन का प्रयोग करके अपनी आवश्यकता अनुसार फॉण्ट की स्टाइल को सेलेक्ट करके टेक्स्ट लिखा जा सकता है।
 
उदा:- Calibri (Body),Arial,Comic Sans MS,Kruti Dev 011 . इत्यादि।
Font Size: ऑप्शन का प्रयोग करके टेक्स्ट को अंको के अनुसार छोटा अथवा बड़ा कर सकते है।
 
Bold: ऑप्शन का प्रयोग टेक्स्ट को थोड़ा मोटा करके लिखने के लिए किया जाता है।
Italic: इस ऑप्शन का प्रयोग टेक्स्ट के तिरछा लिखने के लिए किया जाता है।
Underline: इस ऑप्शन का प्रयोग टेक्स्ट के निचे एक लिने देने के लिए किया जाता है।
Align Left: ऑप्शन का प्रयोग सिलेक्टेड टेक्स्ट को पेज के लेफ्ट साइड(बाये) में ले जाने के लिए किया जाता है।
 
Center: इस ऑप्शन का प्रयोग सिलेक्टेड टेक्स्ट को पेज के सेण्टर(बिच ) में ले जाने के लिए किया जाता है।
Align Right: इस ऑप्शन का प्रयोग सिलेक्टेड टेक्स्ट को पेज के राइट साइड(दाये) में ले जाने के लिए किया जाता है।
 
Justify: टेक्स्ट को दाये और बाये मार्जिन दोनों को सेट कर देता है।
Line Spacing: ऑप्शन का प्रयोग एक लाइन से दूसरे लाइन के बिच के स्पेस को अपनी आवश्यकता अनुसार बढ़ाने के लिए किया जाता है।
Numbering: इस ऑप्शन का प्रयोग एम एस वर्ड के पेज पर लिखे गए मैटर के शुरू में लाइन नंबर देने के लिए किया जाता है। जीससे यह पता कर सकते है। की पेज पर लिखा गया मैटर कितने लाइन का है।
Bullets:ऑप्शन का प्रयोग एम एस वर्ड के पेज पर लिखे गए मैटर के शुरू में बुलेट सिंबल देने के लिए किया जाता है।
Decrease Indent: ऑप्शन का प्रयोग टेक्स्ट को पेज के लेफ्ट साइड में ले जाने के लिए किया जाता है।
Increase Indent: ऑप्शन का प्रयोग टेक्स्ट को पेज के राइट साइड में ले जाने के लिए किया जाता है।
Outside Border: ऑप्शन का प्रयोग सिलेक्टेड टेक्स्ट के चारो तरफ बॉर्डर देने के लिए किया जाता है। इसका प्रयोग करने पर इसका एक लिस्ट डिस्प्ले होता है जिसमे विभिन्न फॉर्मेट में बॉर्डर स्थित होते है।
Highlight:- इस ऑप्शन का प्रयोग किसी निश्चित टेक्स्ट को हाईलाइट करने के लिए किया जाता है।
Font Color: ऑप्शन का प्रयोग सेलेक्टेस  टेक्स्ट के कलर को बदलने (Change) करने के लिए किया जाता है।
 

माइक्रोसॉफ्ट वर्ड का उपयोग 

माइक्रोसॉफ्ट वर्ड के द्वारा अपनी मनपसंद के कोई भी भाषा का डॉक्यूमेंट फाइल बना सकते हैं इसमें भाषाओं तक पहुंचना बहुत ही आसान है और कोइ भी टेक्स्ट साइज में इसमें फाइल बना सकते हैं उसे अपने कंप्यूटर में सेव कर सकते हैं उसके बाद से प्रिंट भी निकाल सकते हैं. यह भारत में बोली जाने वाली बहुत भाषाओं को सपोर्ट करता है एमएस वर्ड में टाइप करके आसानी से संबंधित फाइल बना सकते हैं.
माइक्रोसॉफ्ट का उपयोग हम अपने एजुकेशन में कर सकते हैं यह स्टूडेंट से लेकर शिक्षकों तक और बच्चो के लिए भी बहुत ही अच्छा उपयोगी सॉफ्टवेयर है जिसका इस्तेमाल शिक्षण कार्य में किया जा सकता है चाहे बच्चों के लिए कोई भी असाइनमेंट बनाना हो या टीचर अपना कोई भी डॉक्यूमेंट बनाते हैं उन सभी कामों की एक ही जगह माइक्रोसॉफ्ट वर्ड की है जिसे इसकी मदद से हम बड़ी आसानी से फाइल बना सकते हैं प्रिंटआउट ले सकते हैं. इसलिए इसका  शिक्षा के क्षेत्र में भी बहुत use  किया जाता है.
दुकानों में भी इसका बहुत  ज्यादा इस्तेमाल किया जाता है अगर आपका एक फोटोकॉपी दुकान ,टाइपिंग सेंटर या ऐसा कोई भी दुकान एजुकेशन से रिलेटेड है या कोई भी ऑफिस वर्क से है तो उसमें भी आप इसका इस्तेमाल कर सकते हैं अगर आपको एमएस वर्डअच्छे से इस्तेमाल करना आता है तब आप एक दुकान खोलकर उसमें इससे जुड़े कार्य कर सकते हैं और इनकम कमा सकते हैं तो माइक्रोसॉफ्ट का एक यह भी बेस्ट यूज है.
माइक्रोसॉफ्ट वर्ड के द्वारा पीडीएफ फाइल बनाना बहुत ही आसान है अगर आप अपने लिए कोई भी डॉक्यूमेंट को पीडीएफ फाइल बनाना चाहते हैं तो इसमें उस फाइल को टाइप कर लीजिए और टाइप करने के बाद उसे pdf फाइल के रूप में भी सेव कर सकते हैं आजकल पीडीएफ फाइल का चलन  बहुत ज्यादा है तो आप इससे बना सकते हैं.
कोई भी वेब पेज को कॉपी करके माइक्रोसॉफ्ट वर्ड में आकर उसे पेस्ट करके आसानी से सेव कर सकते हैं इस तरह से इंटरनेट पर निकाले गए कोई भी जानकारी प्राप्त कर सकते हैं. माइक्रोसॉफ्ट वर्ड के द्वारा html फाइल बना सकते हैं.
माइक्रोसॉफ्ट वर्ड में आप बैनर पोस्टर भी बना सकते हैं इसमें ड्राइंग का ऑप्शन दिया रहता  है जहां से आप 3 D डिजाइन में बैनर पोस्टर यहां से डिजाइन कर सकते हैं जो आपको अच्छा व्यवसाय के रूप में भी मदद करता है अगर आपको माइक्रोसॉफ्ट word का नॉलेज है तो यह शुरू कर सकते हैं..
माइक्रोसॉफ्ट वर्ड को  मोबाइल पर भी use  कर सकते हैं इसलिए इसे यूज करना बहुत ही आसान है इसका बेहतरीन डॉक्यूमेंट फाइल बनाने और प्रिंटिंग में ही किया जाता है जो इनकम का एक बहुत ही अच्छा साधन बन सकता है फाइल बनाने में ऑनलाइन किसी को डॉक्यूमेंट मेल करने में इन सभी काम में यह बहुत ही अच्छा सॉफ्टवेयर है.

एमएस वर्ड के फायदे

दोस्तों हम किसी एप्लीकेशन का इस्तेमाल क्यों करते हैं? ताकि उससे हम अपना काम कर सके. लेकिन सिर्फ बेसिक काम के अलावा बहुत सारे ऐसे फीचर्स की जरुरत पड़ती है जो हर एप्लीकेशन में नहीं मिल सकती है.
ठीक उसी तरह से हमारे बहुत सारे काम के लिए माइक्रोसॉफ्ट वर्ड में बहुत सारे ऐसे फायदे हैं जो सिर्फ इसी एप्लीकेशन में हमे मिलते हैं. तो चलिए अब देख लेते हैं की माइक्रोसॉफ्ट वर्ड में हमे क्या क्या फायदा मिलता है.
Storage of text: हम वर्ड प्रोसेसर की हेल्प से अपने लिखे गए डाक्यूमेंट्स की बहुत सारी copies बना कर के रख सकते हैं. और कभी जरुरत पड़े की इस में थोड़ा बदलाव करना है तो इसकी एक कॉपी बना कर उसमे जरुरत के टेक्स्ट को बदल के अलग फाइल बना कर रख सकते हैं.
Quality: माइक्रोसॉफ्ट वर्ड में हमे error-free documents मिलता है. इसमें inbuilt grammar checker tool होता है जो हमारे डॉक्यूमेंट में किसी भी spelling और grammar mistake को पकड़ के सही भी कर देता है. इस लिए मैंने पहले ही बताया की माइक्रोसॉफ्ट वर्ड एक error-free documents producer है.
 
Dynamic Exchange of Data: हम वर्ड के डॉक्यूमेंट के डाटा और pictures को दसूरे एप्लीकेशन के साथ एक्सचेंज और शेयर भी कर सकते हैं. अगर आपको इसका कोई आईडिया नहीं है तो मैं बताता हूँ. आपने powerpoint slideshow तो जरूर देखा होगा. Powerpoint presentation में प्रयोग किये जाने वाले बहुत सरे डाटा हम माइक्रोसॉफ्ट वर्ड में बना कर फिर उसे पॉवरपॉइंट में शेयर कर के प्रेजेंटेशन बनाते हैं. और हम डाक्यूमेंट्स के बिच लिंक भी बना सकते हैं.
Time Saver: हम सिर्फ एक डाक्यूमेंट्स की अनलिमिटेड कॉपी बना सकते हैं बिना retyping किये हुए. इस तरह ये हमारा बहुत सारा वक़्त बचता है.
Securities: कभी कभी हम कोई पर्सनल डॉक्यूमेंट बनाते है या फिर ऐसा डॉक्यूमेंट जिसे हम चाहते हैं की कोई दूसरा न पढ़ सके. तो इसके लिए हम उसे पासवर्ड से लॉक भी कर सकते हैं.

माइक्रोसॉफ्ट वर्ड के नुकसान

माइक्रोसॉफ्ट वर्ड को उन दस्तावेज़ों को संपादित करने या देखने के लिए एक कंप्यूटर की आवश्यकता होती है जो कभी-कभी विशेष रूप से जाते समय नहीं हो सकते हैं। लोग उसी टेम्प्लेट का उपयोग करते हैं, इसलिए, दस्तावेज़ बस एक-दूसरे के क्लोन बन जाते हैं और विकल्प विकल्प कभी-कभी अस्पष्ट उत्तर प्रदान करते हैं।
टाइपिंग असंभव है जब एक ब्लैक-आउट या लैपटॉप बैटरी से बाहर चला जाता है, साहित्यिक चोरी करना आसान है क्योंकि इसे कॉपी और पेस्ट करना बहुत आसान है और थिसॉरस की बहुत सीमित शब्दावली है।
कुछ प्रतीक आसानी से सुलभ नहीं होते हैं जो विभिन्न भाषाओं में टाइपिंग बनाता है जो एक अलग वर्णमाला का उपयोग करना मुश्किल है और कुछ जटिल गणितीय समीकरणों को हस्तलिखित करना आसान होगा।
एक छोटे समूह के भीतर दस्तावेजों को साझा करने और सहयोग करने के दौरान, केवल एक व्यक्ति किसी भी समय सुधार कर सकता है, साझा किए गए दस्तावेजों को वास्तविक समय में संपादित नहीं किया जा सकता है और नंबरिंग और गोलियों को पुनरारंभ करना समस्याग्रस्त है।
लोग लापरवाह हो जाते हैं क्योंकि वे जानते हैं कि वे गलतियों को आसानी से ठीक कर सकते हैं, वर्तनी और व्याकरण परीक्षक सभी गलतियों को नहीं सुलझा सकते हैं और लोग उन पर निर्भर हो सकते हैं।
गोलियों और नंबरिंग का कभी-कभी अपना मन होता है, ऑटो-फ़ॉर्मेट टूल कभी-कभी कष्टप्रद रूप से अनम्य हो सकता है, चित्र और आंकड़े अच्छी तरह से स्थिति के लिए काफी जिद्दी और कठोर हो सकते हैं।
 के नुकसान
माइक्रोसॉफ्ट वर्ड को उन दस्तावेज़ों को संपादित करने या देखने के लिए एक कंप्यूटर की आवश्यकता होती है जो कभी-कभी विशेष रूप से जाते समय नहीं हो सकते हैं। लोग उसी टेम्प्लेट का उपयोग करते हैं, इसलिए, दस्तावेज़ बस एक-दूसरे के क्लोन बन जाते हैं और विकल्प विकल्प कभी-कभी अस्पष्ट उत्तर प्रदान करते हैं।
टाइपिंग असंभव है जब एक ब्लैक-आउट या लैपटॉप बैटरी से बाहर चला जाता है, साहित्यिक चोरी करना आसान है क्योंकि इसे कॉपी और पेस्ट करना बहुत आसान है और थिसॉरस की बहुत सीमित शब्दावली है।
कुछ प्रतीक आसानी से सुलभ नहीं होते हैं जो विभिन्न भाषाओं में टाइपिंग बनाता है जो एक अलग वर्णमाला का उपयोग करना मुश्किल है और कुछ जटिल गणितीय समीकरणों को हस्तलिखित करना आसान होगा।
एक छोटे समूह के भीतर दस्तावेजों को साझा करने और सहयोग करने के दौरान, केवल एक व्यक्ति किसी भी समय सुधार कर सकता है, साझा किए गए दस्तावेजों को वास्तविक समय में संपादित नहीं किया जा सकता है और नंबरिंग और गोलियों को पुनरारंभ करना समस्याग्रस्त है।
लोग लापरवाह हो जाते हैं क्योंकि वे जानते हैं कि वे गलतियों को आसानी से ठीक कर सकते हैं, वर्तनी और व्याकरण परीक्षक सभी गलतियों को नहीं सुलझा सकते हैं और लोग उन पर निर्भर हो सकते हैं।
गोलियों और नंबरिंग का कभी-कभी अपना मन होता है, ऑटो-फ़ॉर्मेट टूल कभी-कभी कष्टप्रद रूप से अनम्य हो सकता है, चित्र और आंकड़े अच्छी तरह से स्थिति के लिए काफी जिद्दी और कठोर हो सकते हैं।

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